जिला शाहजहांपुर के बंडा थाने पहुँची एक महिला द्वारा जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या के प्रयास का मामला सामने आया है। थाने के मुख्य गेट पर मौजूद महिला की चीख-पुकार सुनकर पुलिसकर्मियों ने तत्काल उसे अस्पताल पहुंचाया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर देखते हुए राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।
आज बुधवार की दोपहर थाने के गेट पर विषाक्त पदार्थ का सेवन करने वाली महिला का आरोप है कि उसका पति और ससुराल वाले उसे लगातार प्रताड़ित कर रहे हैं। साथ ही उसके तीन बच्चों के भरण-पोषण के लिए आर्थिक सहायता भी नहीं दी जा रही है। इसी परेशानी के चलते उसने यह कदम उठाया। हालांकि मामले में पुलिस की जांच के दौरान कुछ अन्य तथ्य भी सामने आए हैं।
महिला के अनुसार उसने गत 17 जून को अपने पति और ससुराल वालों के खिलाफ एक प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इस प्राथमिकी मे उसने आरोप लगाया था कि पति ने अपनी पहली शादी की बात उससे छिपाई है और उसके करीब 35 हजार रुपये के पेड़ और जेवर भी बेच दिए है। महिला ने आरोप लगाया था कि पति ने मकान बनवाने के नाम पर उसके निजी खेत को भी बिकवा दिया है। आरोप था कि इस सबका विरोध करने पर पति व ससुराल वालो ने उसके साथ मारपीट की और उसे तीन बच्चों के साथ घर से निकाल दिया। इस मामले मे पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद आरोपपत्र यानी चार्जशीट न्यायालय में दाखिल की जा चुकी है।
फिलहाल महिला अपने तीन बच्चों के साथ अपनी मां के घर रह रही है। महिला का कहना है कि बच्चों की परवरिश और रोजमर्रा के खर्चों को पूरा करना मुश्किल हो रहा है। महिला के मुताबिक उसने बच्चों के भरण-पोषण के लिए पति से गुजारा भत्ता मांगा था, लेकिन उसे आर्थिक मदद नहीं मिल रही है। महिला का आरोप है कि वह अपनी समस्याओ को लेकर परेशान थी और इसी कारण आज बुधवार को वह बंडा थाने पहुंची। यहां थाने के मुख्य गेट पर उसने जहरीला पदार्थ खा लिया। घटना के बाद पुलिसकर्मियों ने बिना देर किए उसे उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया।
इस मामले में पुलिस का पक्ष महिला के दावों से अलग है। पुलिस के अनुसार महिला संबंधित व्यक्ति के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी और दोनों के तीन बच्चे हैं। पुलिस का दावा है कि संबंधित व्यक्ति पहले से शादीशुदा है और उसकी पहली पत्नी उसके साथ रहती है। पुलिस के अनुसार महिला संबंधित व्यक्ति को अपना पति बताते हुए भरण-पोषण की मांग कर रही है, लेकिन उपलब्ध जानकारी के अनुसार उसके पास विवाह का साक्ष्य नहीं मिला है। हालांकि विवाह के साक्ष्य के संबंध में पुलिस का यह कथन अपने आप में वैवाहिक स्थिति या भरण-पोषण के कानूनी अधिकार पर अंतिम निर्णय नहीं है।
बंडा थाना प्रभारी निरीक्षक बृजेश सिंह ने बताया कि महिला को तत्काल अस्पताल भिजवाया गया। उन्होंने यह भी बताया कि महिला की ओर से पहले दर्ज कराए गए मामले में चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है। फिलहाल घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। महिला की स्वास्थ्य स्थिति और उसके आरोपों के संबंध में आगे की जानकारी संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
![]() |
| अभी तक पाठक संख्या |

