उत्तर प्रदेश के रामपुर में बुधवार को जिला पंचायत कार्यालय में दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या किए गए वरिष्ठ अधिवक्ता मोहम्मद फारुख को आज गुरुवार दोपहर नम आंखों से सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। जफर मेमोरियल पार्क में जनाजे की नमाज अदा करने के बाद, उन्हें पार्क के समीप स्थित कब्रिस्तान में दफनाया गया। इस दौरान शहर के गणमान्य लोगों सहित भारी संख्या में अधिवक्ता और बार संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे। अधिवक्ता की हत्या के बाद उपजे तनाव को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जनाजे के दौरान पुलिस अधीक्षक विद्यासागर मिश्र, अपर पुलिस अधीक्षक अनुराग सिंह और नगर मजिस्ट्रेट सालिक राम स्वयं मोर्चे पर डटे रहे। दो थानों की पुलिस फोर्स और पीएसी के जवानों को सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैनात किया गया था।
पाठको को बताना उचित होगा कि उक्त घटना कल बुधवार दोपहर करीब 1:30 बजे जिला पंचायत कार्यालय मे हुई थी। जानकारी के अनुसार, मृतक फारुख की पत्नी गौसिया, जो इसी कार्यालय में लिपिक के पद पर कार्यरत हैं, का अपने सहकर्मी असगर अली से किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। विवाद की सूचना मिलने पर अधिवक्ता फारुख कार्यालय पहुंचे थे। आरोप है कि बहस के दौरान असगर अली ने अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से फारुख पर फायरिंग कर दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी असगर अली भी घायल अवस्था में पाया गया, जिसका वर्तमान में मेरठ के एक अस्पताल में उपचार चल रहा है। हालांकि, मृतक के परिजनों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि आरोपी ने कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए स्वयं को जानबूझकर घायल किया है।
आज गुरुवार को उक्त घटना का एक सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। जिसमें वकील फारुख पहले बाबू असगर अली को एक एक कर तीन थप्पड़ मारते है और दोनों के बीच करीब 5 मिनट तक बहस होती है। उसके बाद जाते समय वकील बाबू को कुछ कह देता है। जिसपर तैस में बाबू अपनी कमर से लाइसेंसी रिवॉल्वर निकालकर वकील को ललकारता है।
वकील वापस आकर बाबू से भिड़ जाता है, दोनों में गुत्थमगुत्था होती है। दोनों लड़ते हुए बाबू की कुर्सी पर गिरते हैं। इस दौरान बाबू अपने हाथ में रिवॉल्वर पकड़े रहता है। उंगली ट्रिगर पर होती है। वो ताबड़तोड़ दो गोलियां वकील के सीने में दागता है। जबकि तीसरी गोली बाबू के पेट पर लग जाती है। इसके बाद वो अपने ऑफिस से बाहर आता है। वकील के साथी को रिवॉल्वर दिखाकर धमकाता है, फारुख की पत्नी को रिवॉल्टर की बट से मारते हुए फरार मौके से भाग जाता है। जबकि घायल फारुख कुर्सी के सहारे बैठे बैठे ही दम तोड़ देता है।
पुलिस अधीक्षक विद्यासागर मिश्र ने बताया कि उक्त मामले में दो लोगों के खिलाफ नामजद अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है। उन्होंने पीड़ित परिवार को सांत्वना देते हुए कहा की पुलिस प्रशासन पीड़ित परिवार के साथ है। मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ विधिसम्मत कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

